हम जो सीखते हैं उसे 90 % तक कैसे याद रखें

अक्सर स्टूडेंट्स की एक शिकायत रहती है कि जो वो सीखते हैं उसे जल्दी ही भूल जाते है, इसलिए इस आर्टीकल में हम जानेंगे कि हम जो सीखते हैं उसे 90 प्रतिशत तक कैसे याद रखें

 
livepathshala याद1960 में  NTL Institute in Bethel, maine – ने सीखने और याद रखने पर शोध की और उस शोध के कुछ महत्वपूर्ण परिणाम, जो यह बताता है कि सामान्य मनुष्य कैसे सीखतें है और कब उन्हें कितना याद रहता है ?

याद रखने पर शोध  के परिणाम

  1.   हम स्कूल, काॅलेज और अन्य लेक्चरों में जो सीखते है, वह हमें केवल 5% तक याद रहता है।
  2.  हम किताबें, न्यूजपेपर, आर्टीकल्स आदि पढ़कर जो सीखते हैं, वह केवल 10% तक याद रहता है ।
  3.  हम आॅडियो सुनकर या वीडियो देखकर जो सीखते हैं ,वह केवल 20% तक याद रहता है।
  4.  हम जब किसी चीज को प्रदर्शनी या सेमिनार में प्रेंजेन्टेसन के रूप में देखकर सीखते हैं तो वह हमें 30% याद हो जाता है।
  5.  हम जब किसी टाॅपिक के ग्रुप डिस्कसन में जुड़ते हैं तब हम उसमें जो सीखते हैं , वह हमें 50%  याद रहता है।
  6. हमने जो सीखा है, उसका प्रक्टिकल करते हैं वह हमें 75%  तक याद हो जाता है ।
  7.  और हमने जो सीखा है, उसका तुरंत उपयोग करने या किसी दूसरे को पढ़ाने से हमे वह टाॅपिक तुरंत 90%  तक याद हो जाता है।

 

 

 

livepathshala forgettingइस अध्ययन में जो मनुष्य दिमाग के बारे में तत्व सामने निकल कर आया, वह यह है कि भूलना मनुष्य का स्वभाव है।

 

जब हम कोई लेक्चर सुनते हैं और लेक्चर बड़ा हो, तब अगर आप गौर करो, तक पाओगे कि अभी जो आपके टीचर ने बोला है, वह आपको याद है और जो पहले बोला था उसके बारे में आपको कुछ भी नहीं या फिर थोड़ा बहुत याद है।
यही आॅडियो सुनने या विडियो देखने पर भी होता है, हम आगे-आगे सुनते व देखते जाते हैं और पीछे का भूलते जाते हैं।

अगर आपको ऐसा लगता है कि कोई आॅडियो या वीडियो देखने से वह हमें बेहतर याद हो जाता है तो ऐसा नहीं है। अगर आप कोई आॅडियो सुनने के बाद उसे याद करेंगे तो आप पाओगे कि उसके कुछ पोईंटस आपको याद हैं जबकि कुछ आप भूल चुके हैं।
अगर आपने एक बात नाॅटिस की हो, तो आपको याद होगा कि आपने कोई मूवी देखी है, और देखने के तुरंत बाद ……..

आपने पूरी की पूरी फिल्म की कहानी, एक-एक पाॅइंट अपने किसी दोस्त को ठीक वैसे ही बताने की कोशिश की हो जैसा आपने फिल्म में देखा है।

तो उस फिल्म की कहानी, दृष्य और बातें आपको उसकी तुलना में बेहतर याद होंगी जिस फिल्म के बारे में आपने किसी को नहीं बताया है।
और जिस फिल्म की कहानी आपने एक से ज्यादा बार किसी को सुनाई होगी, वह आपको और भी बेहतर याद होगी,

इसका सीधा-सीधा यही कारण होता है कि हमारा दिमाग भूलता है और आपन अगर किसी को किसी भी फिल्म की कहानी एक दम वैसे ही सुनाने की कोशिश  हो

जैसी आपने फिल्म में देखी हो, तब आप ध्यान करो कि आप उस वक्त क्या कर रहे थे, आपको याद होगा, आपका दिमाग बार-बार उस फिल्म के दृष्य, कहानी और बातें याद कर रहा था, आप अपने दिमाग में उस मूवी को याद कर कर के अपने दोस्त को बता रहे थे ।           पढ़ना जारी रखें

 

 

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